Shubh Shakti Yojana Rajasthan Sarkar 5/5 (14)

Shubh Shakti Yojana Rajasthan Sarkar
Shubh Shakti Yojana Rajasthan Sarkar

Shubh Shakti Yojana Rajasthan Sarkar- शुभ शक्ति योजना राजस्थान

राजस्थान सरकार की शुभ शक्ति योजना (shubh shakti yojana) – देश की केंद्र तथा राज्य सरकार समय-समय पर अनेक योजनाओं को लागू करती रहती है श्रमिकों के हित के लिए। इसी क्रम को आगे बढ़ाते हुए राजस्थान के राज्य सरकार ने शुभ शक्ति योजना को आरंभ किया है राज्य के श्रमिकों के उत्थान के लिए। हिताधिकारी श्रमिक अविवाहित महिलाओं और हिताधिकारी श्रमिकों की बालिग बेटियों के लिए आर्थिक सहायता प्रदान करने हेतु इस योजना को प्रारंभ किया गया। योजना की शुरुआत १ जनवरी २०१६ को राजस्थान सरकार द्वारा की गई।

हिताधिकारी श्रमिक की श्रेणी में वह निर्माण श्रमिक आते हैं जिन्होंने अपना पंजीयन मंडल के हिताधिकारी श्रमिक के रूप में करवाया हो।

Shubh Shakti Yojana Rajasthan Sarkar
Shubh Shakti Yojana Rajasthan Sarkar

शुभ शक्ति योजना का उद्देश्य

  • योजना का प्रधान उद्देश्य हिताधिकारी अविवाहित महिलाओं तथा हिताधिकारी श्रमिकों की बालिग बेटियों को सशक्त एवं आत्मनिर्भर बनाना है।
  • इस योजना के अंतर्गत ५५,००० रुपये की धनराशि सरकार अविवाहित महिलाओं और श्रमिकों की व्यस्क बेटियों को देगी।
  • यह सहायता सरकार आवेदक के स्वयं का व्यवसाय, कौशल विकास प्रशिक्षण, शिक्षा तथा विवाह के लिए प्रदान करेगी। जरूरत पड़ने पर लाभार्थी को उचित परामर्श भी प्रदान किया जाएगा।

 

राजस्थान सरकार की शुभ शक्ति योजना पात्रता

  • इस योजना के अंतर्गत बालिग लड़की के माता-पिता में से कोई भी कम से कम एक वर्ष से मंडल में पंजीकृत हिताधिकारी श्रमिक होना चाहिए।
  • योजना के अंतर्गत अधिकतम दो बालिग बेटियों को धनराशि प्रदान की जाएगी।
  • योजना का लाभ उठाने के लिए हिताधिकारी महिला अविवाहित होनी चाहिए।
  • हिताधिकारी श्रमिक की बेटी की आयु १८ वर्ष से कम न हो।
  • लाभार्थी महिला/बेटी ८वीं कक्षा पास होना चाहिए।
  • राजस्थान के ही निवासी होने चाहिए अविवाहित महिला या अविवाहित बेटी के अभिभावक को।
  • लाभार्थी महिला/बेटी का बचत बैंक खाता होना चाहिए।
  • लाभार्थी हिताधिकारी श्रमिक इस योजना के आवेदन की तारीख से पहले एक वर्ष की अवधि में नब्बे दिनों तक श्रमिक निर्माण कार्य में संलग्न होना चाहिए।
  • इस योजना के अंतर्गत निर्धारित धनराशि लाभार्थी के हिताधिकारी निर्माण श्रमिक होने के सत्यापन के आधार पर ही दी जाएगी।
  • लाभार्थी का अगर अपना मकान है तो उसमें शौचालय जरूर होना चाहिए।
  • आवेदन प्रस्तुत करते समय हिताधिकारी का परिचय पत्र वैध हो, यह अत्यंत आवश्यक है।

 

शुभ शक्ति योजना में आवेदन के लिए आवश्यक दस्तावेज

  • घर के स्थाई पते का प्रमाण पत्र,
  • बैंक खाता के पासबुक के प्रथम पृष्ठ की प्रतिलिपि (इसमें लाभार्थी का नाम, पता, बैंक खाता संख्या, आईएफएससी कोड लिखा हुआ हो),
  • राजस्थान के नागरिक होने का प्रमाण पत्र,
  • आधार कार्ड की प्रतिलिपि,
  • हिताधिकारी पंजीयन परिचय पत्र की प्रतिलिपि,
  • लाभार्थी हिताधिकारी महिला अथवा हिताधिकारी की बेटी के आठवीं पास होने का प्रमाण पत्र (किसी राजकीय अथवा राज्य सरकार द्वारा मान्यता प्राप्त विद्यालय से प्राप्त की गई हो),
  • हिताधिकारी की बेटी के १८ वर्ष पूरे होने का प्रमाण पत्र,
  • भामाशाह परिवार कार्ड या भामाशाह नामांकन का फोटो कॉपी,
  • गैर आयकर डाटा का प्रमाण पत्र,
  • बीपीएल की प्रतिलिपि,
  • आयु प्रमाण पत्र,
  • जाति प्रमाण पत्र इत्यादि।

 

Shubh shakti yojana कार्य विधि

  • प्रोत्साहन राशि हिताधिकारी के निर्माण श्रमिक होने के भौतिक सत्यापन की शर्त पर ही प्रदान की जाएगी।
  • निर्माण श्रमिक होने का सत्यापन विकास अधिकारी, तहसीलदार, सरकारी माध्यमिक विद्यालय का प्रधानाध्यापक, सहायक अभियंता अथवा अन्य राजपत्रित अधिकारी द्वारा किया जा सकेगा।

 

Rajasthan shubh shakti yojana – आवेदन प्रक्रिया

  • शुभ शक्ति योजना के लिए ऑनलाइन आवेदन करने के लिए–

*इसकी अधिकारिक वेबसाइट पर जाएं,

*आवेदन पत्र के लिंक पर क्लिक करें,

*अब आवेदन पत्र में मांगी गई सारी जानकारी को सही-सही भर सबमिट बटन पर क्लिक कर दें।

  • इस योजना में ऑफलाइन आवेदन करने के लिए–

*शुभ शक्ति योजना का फॉर्म डाउनलोड करें,

*उसमें सारी जानकारी को अच्छी तरह से भरें,

*अपने दस्तावेज की एक-एक फोटो कॉपी संलग्न करें,

*अब इसे स्थानीय श्रम कार्यालय अथवा मंडल सचिव द्वारा अधिकृत अधिकारी/अन्य विभाग के अधिकारी के कार्यालय में प्रस्तुत करें।

 

Please rate this